छत्तीसगढ़ खाद्य एवं औषधि प्रशासन विभाग द्वारा बाजार में संदिग्ध और गैर कानूनी रूप से आवागमन हो रहे नकली-अवमानक औषधियों के ऊपर बड़ा प्रहार किया गया है. विभाग ने कड़ा एक्शन लेते हुए तीन दवा निर्माता कंपनियों पर कार्रवाई की है. दरअसल विभाग को सूचना मिली थी कि नागपुर गोल्डन ट्रांसपोर्ट गोगांव, रायपुर (छ.ग.) में एक दवा की डाक को किसी व्यक्ति या दुकान द्वारा प्राप्त नहीं किया जा रहा है और दवा के नकली होने का संदेह है. इस सूचना को गंभीरता से लेते हुए औषधि एवं प्रसाधन सामग्री अधिनियम, 1940 के प्रावधानों के अंतर्गत निरीक्षण दल गठित किया गया.
Delhi Red Fort Blast Case : लाल किले के पास हुए टेरर अटैक का 9वां आरोपी गिरफ्तार, NIA ने किया खुलासा
निरीक्षण के दौरान बिल्टी एवं इंदौर से प्रेषित दवा की डाक का अवलोकन कराया गया, जिसमें पाया गया कि बिल में जिन दवाओं का उल्लेख था, वे डाक में उपलब्ध नहीं थीं. डाक में अन्य तीन प्रकार की औषधियां पाई गईं. बरामद दवाओं का विधिवत रूप से चार-चार भागों में नमूना संकलित कर शेष मात्रा को जब्त किया गया. संकलित नमूनों को औषधि परीक्षण प्रयोगशाला, कालीबाड़ी, रायपुर परीक्षण के लिए भेजा गया. प्रकरण में आगे की विस्तृत विवेचना जारी है. दवाओं के वास्तविक स्रोत, आपूर्ति श्रृंखला एवं संभावित अवैध गतिविधियों की जांच की जा रही है.
Chhattisgarh : 27.90 लाख की ठगी का मामला: दीपक टंडन के खिलाफ फिर दर्ज हुई शिकायत
खाद्य एवं औषधि प्रशासन, छत्तीसगढ़ द्वारा केंद्रीय औषधि मानक नियंत्रण संगठन नई दिल्ली एवं छत्तीसगढ़ के समस्त जिलों में अधिकारियों को इस सम्बन्ध में अलर्ट जारी कर दिया गया है. अवमानक औषधियों के परिवहन व बाजार में संभावित उपलब्धता को ध्यान में रखते हुए नियमानुसार कड़ी कार्रवाई करने के निर्देश जारी किये गए हैं.
Vishva News serves as the Editor of Vishva News, a Hindi-language news outlet. He is credited as the author of articles covering local, regional, and national developments.

