CBSE New Guidelines: केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (CBSE) ने कक्षा 10वीं और 12वीं की प्रैक्टिकल परीक्षा, प्रोजेक्ट और इंटरनल असेसमेंट को लेकर अहम दिशा-निर्देश जारी किए हैं. ये निर्देश छात्रों, स्कूलों और शिक्षकों सभी के लिए बेहद जरूरी हैं, ताकि परीक्षा प्रक्रिया बिना किसी परेशानी के पूरी हो सके.
बोर्ड ने साफ कहा है कि सभी स्कूल तय नियमों का पूरी तरह पालन करें, जिससे किसी भी छात्र को नुकसान न हो. CBSE की ओर से जारी ये सभी गाइडलाइंस बोर्ड की आधिकारिक वेबसाइट cbse.gov.in पर उपलब्ध हैं. बोर्ड का मकसद है कि प्रैक्टिकल परीक्षाएं पूरी पारदर्शिता और सही व्यवस्था के साथ कराई जाएं.
बिलासपुर में सरेराह लूट: बाइक सवार बदमाशों ने मोपेड सवार दंपती से छीना महिला का पर्स
क्या है जरूरी?
सबसे पहले बोर्ड ने स्कूलों को यह सुनिश्चित करने के लिए कहा है कि प्रैक्टिकल परीक्षा से पहले पर्याप्त संख्या में प्रैक्टिकल आंसर बुक स्कूलों में पहुंच जाएं. कई बार देखा गया है कि परीक्षा के दिन कॉपियों की कमी हो जाती है, जिससे छात्रों और शिक्षकों दोनों को परेशानी होती है. इस बार बोर्ड किसी भी तरह की लापरवाही नहीं चाहता.
इसके साथ ही स्कूलों को प्रयोगशालाओं से जुड़ी सभी जरूरी तैयारियां पहले से पूरी करने को कहा गया है. इसमें लैब की साफ-सफाई, जरूरी उपकरण, केमिकल, मशीनें और अन्य सामग्री शामिल है. बोर्ड ने साफ कहा है कि परीक्षा के दौरान किसी भी तरह की तकनीकी या संसाधन से जुड़ी समस्या नहीं होनी चाहिए.
इन बच्चों के लिए खास निर्देश
CBSE ने बच्चों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए विशेष जरूरत वाले बच्चों यानी CWSN (Children With Special Needs) के लिए भी खास निर्देश जारी किए हैं. स्कूलों को ऐसे छात्रों के लिए अलग और आसान व्यवस्था करनी होगी, ताकि वे बिना किसी दबाव के प्रैक्टिकल, प्रोजेक्ट और इंटरनल असेसमेंट में हिस्सा ले सकें. इसमें बैठने की व्यवस्था, समय में छूट और अन्य जरूरी सहूलियतें शामिल हैं.
करना होगा ये काम
एक और अहम निर्देश यह है कि स्कूलों को प्रैक्टिकल परीक्षा के अंक रोजाना अपलोड करने होंगे. बोर्ड ने यह भी कहा है कि अंक अपलोड करने से पहले यह जरूर जांच लें कि प्रैक्टिकल, प्रोजेक्ट और इंटरनल असेसमेंट के लिए तय अधिकतम अंक क्या हैं. गलत अंक अपलोड होने पर स्कूल की जिम्मेदारी तय की जाएगी.
बोर्ड ने क्या कहा?
CBSE ने यह भी स्पष्ट किया है कि सभी स्कूलों को प्रैक्टिकल, प्रोजेक्ट और इंटरनल असेसमेंट की प्रक्रिया 1 जनवरी 2026 से 14 फरवरी 2026 के बीच ही पूरी करनी होगी. इसके बाहर किसी भी तारीख पर परीक्षा कराने की अनुमति नहीं होगी. बोर्ड का कहना है कि समय सीमा का पालन करना सभी स्कूलों के लिए जरूरी है.
नए साल की बड़ी पहल: वंदे भारत एक्सप्रेस में अब महिला टीसी संभालेंगी कमान
कब से कब तक होगी बोर्ड परीक्षा?
इसी बीच CBSE ने बोर्ड परीक्षा 2026 की डेटशीट में भी बदलाव किया है. संशोधित शेड्यूल के अनुसार, कक्षा 10वीं की मुख्य परीक्षा 17 फरवरी 2026 से शुरू होकर 11 मार्च 2026 तक चलेगी. वहीं, कक्षा 12वीं की परीक्षा 17 फरवरी 2026 से शुरू होकर 10 अप्रैल 2026 तक आयोजित की जाएगी.
Vishva News serves as the Editor of Vishva News, a Hindi-language news outlet. He is credited as the author of articles covering local, regional, and national developments.

