Sat, 08 Aug
--°C ...
Logo

ब्रेकिंग

8वीं के छात्र से 100-100 बार गंदी गाली लिखवाई, अभिभावकों के सिग्नेचर भी मांगे; जांच के आदेश

सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद शिलांग कोर्ट में किया आत्मसमर्पण, अब जेल में रहकर चलेगा ट्रायल

सप्लाई बाधित होने की आशंका से बढ़ी चिंता, भारत में सिलेंडर कीमतों पर पड़ सकता है असर

साथी का मोबाइल चुराकर बनाई नई UPI ID, ऑनलाइन गेमिंग की लत में गंवाई पूरी रकम

अभनपुर के लखना गांव में सनसनी, हत्या की आशंका; पहचान में जुटी पुलिस

सस्ते टूर पैकेज के झांसे में फंसाकर मांगी 1.20 करोड़ की फिरौती, 5 भारतीय गिरफ्तार

कलेक्टर को सौंपा ज्ञापन, मरम्मत, शौचालय, वाहन स्टैंड और ट्रांसफार्मर की मांग

नाले में कार बहने के बाद चला लगातार रेस्क्यू, विशेषज्ञ गोताखोरों ने बरामद किए शव

रोज 10 मरीज अस्पताल पहुंच रहे, स्टाफ की कमी और डीडीटी छिड़काव नहीं होने से बढ़ी चिंता

महेंद्रा ट्रेवल्स की बस हादसे का शिकार, 10–12 यात्री घायल; पुलिस जांच में जुटी

सूचना

hello php

: शराब घोटाला मामला: भूपेश बघेल के बेटे चैतन्य की रिमांड बढ़ी, अब 12 नवंबर तक रहेंगे जेल में

Vishva News / Wed, Oct 29, 2025 / Post views : 14

Share:

रायपुर : छत्तीसगढ़ के बहुचर्चित शराब घोटाले मामले में पूर्व सीएम भूपेश बघेल के बेटे चैतन्य बघेल की रिमांड बढ़ गई है। अब चैतन्य 12 नवंबर जेल में ही रहेंगे। दरअसल, रिमांड खत्म होने के बाद आज चैतन्य बघेल को कोर्ट में पेश किया गया था। लेकिन सुनवाई के बाद कोर्ट ने रिमांड बढ़ाने का फैसला लिया। कोर्ट के आदेश के बाद अब चैतन्य बघेल को 12 नवंबर तक जेल में रहना होगा। इसके अलावा मामले में शामिल निरंजन दास को भी आज राहत नहीं मिली। कोर्ट ने उनके संबंध में भी कोई राहत देने से इनकार कर दिया।

भारतीय शाही महिलाएं: पारंपरिक कला को संजीवनी देने वाली विरासत की सशक्त संरक्षक

बता दें कि पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के बेटे चैतन्य बघेल को प्रवर्तन निदेशालय ने मनी लॉन्ड्रिंग और शराब घोटाला मामले में 18 जुलाई को भिलाई निवास स्थान से गिरफ्तार किया था। प्रवर्तन निदेशालय के मुताबिक चैतन्य बघेल ने 16 करोड़ 70 लाख रुपए की अवैध कमाई को अपने रियल एस्टेट प्रोजेक्ट मे इन्वेस्ट किया।

Bilaspur Firing Incident Update: CCTV में कैद हुए 4 नकाबपोश हमलावर, पुलिस ने तेज की जांच

आरोप है कि यह पैसा नगद में ठेकेदारों को भुगतान फर्जी बैंक एंट्री और फ्लैट खरीदी के बहाने से उपयोग किया। वह त्रिलोक सिंह ढिल्लो के साथ मिलकर विट्ठलपुरम नामक परियोजना में फर्जी फ्लैट खरीद की योजना बनाकर 5 करोड़ हासिल करने के आरोप में भी घिरे हैं। इन फ्लैटों को त्रिलोक सिंह ढिल्लो के कर्मचारियों के नाम पर खरीदा गया था, लेकिन असली लाभार्थी चैतन्य ही थे।

Tags :

Share News:

विज्ञापन

विज्ञापन

जरूरी खबरें

Related Posts