ब्रेकिंग
सूचना
Vishva News / Sun, Sep 28, 2025 / Post views : 24
कस्तूरबा गांधी
गांधी जी के साथ कंधे से कंधा मिलाकर चलने वाली पहली महिला कोई और नहीं, उनकी पत्नी कस्तूरबा गांधी थीं। दोनों का बहुत छोटी उम्र में विवाह हो गया। उसके बाद गांधी जी विदेश पढ़ने चले गए। कहा जाता है कि कस्तूरबा गांधी ने उनकी शिक्षा के लिए अपने जेवर तक बेंच दिए थे। उन्होंने गांधी जी के हर संघर्ष में उनका साथ दिया और महिलाओं को स्वतंत्रता आंदोलन से जोड़ने में बड़ी भूमिका निभाई।
सरोजिनी नायडू
'भारत कोकिला' कहलाई जाने वाली सरोजिनी नायडू गांधीजी की निकट सहयोगी थीं। उन्होंने दांडी मार्च में भाग लिया और महिलाओं को आंदोलन से जोड़ने का नेतृत्व किया। भारत के इतिहास में उनका नाम पहली महिला राज्यपाल के तौर पर दर्ज हुआ। भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस की पहली महिला अध्यक्ष सरोजिनी नायडू की गांधी जी से मुलाकात लंदन में हुई थी। जब गांधी जी सत्याग्रह आंदोलन के दौरान जेल गए तो सरोजिनी नायडू ने ही नमक सत्याग्रह की अगुवाई की। वह स्वतंत्रता आंदोलनों में गांधी जी के साथ कंधे से कंधा मिलाकर चलती रहीं और देश को आजादी दिलाई।
Chhattisgarh News : चुनरी यात्रा में दो समुदायों के बीच हिंसक संघर्ष, 4 घायल, पुलिस ने मध्यरात्रि कार्रवाई की
मीराबेन
मीराबेन एक अंग्रेज महिला थीं, जिनका असली नाम मेडेलीन स्लेड था। ब्रिटिश एडमिरल सर एडमंड स्लेड की बेटी मेडेलीन गांधी जी से बहुत प्रभावित थीं। अपनी ऐशो आराम की जिंदगी छोड़ वह भारत आ गईं और अपना जीवन स्वतंत्रता संग्राम के लिए समर्पित कर दिया। वह गांधी जी के आश्रम में रहती थीं और आश्रम की सक्रिय सदस्य थीं। उनको मीरा नाम भी गांधी जी ने ही दिया था।
अरुणा आसफ अली
भारत छोड़ो आंदोलन (क्विट इंडिया मूवमेंट) की अगुवाई करने वाली अरुणा आसफ अली गांधीजी की विचारधारा से गहराई से प्रभावित थीं। उन्होंने तिरंगा फहराकर आज़ादी की लड़ाई को नई दिशा दी।
Tags :
विज्ञापन
विज्ञापन