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: CTO रिन्यूअल में देरी से खदान संचालन पर संकट, खदान बंदी के विरोध में बीएमएस नेताओं की क्रमिक भूख हड़ताल

Vishva News / Sat, Oct 11, 2025 / Post views : 13

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बीएमएस नेताओं ने बताया कि सीटीओ के रिन्यूअल की प्रक्रिया लंबित होने के चलते खदान संचालन पर रोक की नौबत आ गई है। खदान बंद होने की स्थिति में 800 से अधिक नियमित कर्मियों को अन्य क्षेत्रों में स्थानांतरित किया जाएगा, जबकि 300 से ज्यादा ठेका श्रमिकों का रोजगार पूरी तरह खत्म हो जाएगा। इससे स्थानीय स्तर पर भारी सामाजिक और आर्थिक संकट उत्पन्न होगा। Chhattisgarh News: तीन बड़े नक्सलियों का आत्मसमर्पण, पुलिस के सामने किया सरेंडर संगठन के जिला अध्यक्ष ने कहा कि खदान के बंद होने से न सिर्फ मजदूरों पर असर पड़ेगा, बल्कि नगर पंचायत जरही और नगर पंचायत भटगांव की हजारों की आबादी को भी विस्थापन झेलना पड़ सकता है। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रबंधन और प्रशासन की लापरवाही के कारण वर्षों पुरानी खदान को बंद करने की नौबत आई है। बीएमएस ने चेतावनी दी है कि जब तक सीटीओ रिन्यूअल की प्रक्रिया पूरी नहीं होती और खदान के निरंतर संचालन का आश्वासन नहीं दिया जाता, तब तक आंदोलन जारी रहेगा। International Girl Child Day 2025: जानिए क्यों मनाया जाता है यह खास दिन और इसकी थीम स्थानीय सूत्रों के अनुसार, भटगांव क्षेत्र की एक-दो भूमिगत खदानें ही अब संचालन में हैं। ऐसे में इनके बंद होने से न केवल रोजगार पर असर पड़ेगा बल्कि आसपास के कोयला परिवहन और छोटे व्यवसायों पर भी व्यापक प्रभाव पड़ेगा।

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